गजराज पर विराजेंगे बाबा महाकाल, देवास बनेगा शिवमय भक्ति, आस्था और उल्लास से सजेगी भव्य शिव बारात
देवास। महाशिवरात्रि की पावन संध्या पर आज देवास नगरी शिवभक्ति के रंग में पूरी तरह रंगने जा रही है। जब गजराज पर सवार होकर बाबा महाकाल नगर भ्रमण पर निकलेंगे, तब हर मार्ग हर-हर महादेव के जयघोष से गूंज उठेगा। नमो-नमो संस्था द्वारा आयोजित भव्य शिव बारात केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि आस्था, संस्कृति और सनातन परंपरा का जीवंत उत्सव बनेगी। सयाजी द्वार से प्रारंभ होकर नागेश्वरी मंदिर तक पहुंचने वाली यह दिव्य यात्रा श्रद्धालुओं को भगवान भोलेनाथ और माता पार्वती के पावन विवाह की अनुभूति कराएगी, जहां भक्ति और भावनाओं का अद्भुत संगम देखने को मिलेगा।
महाशिवरात्रि के अवसर पर लगातार 13वें वर्ष आयोजित हो रही इस शिव बारात को इस बार विशेष रूप से आकर्षक स्वरूप दिया गया है। देश के विभिन्न राज्यों से आए कलाकार अपनी सांस्कृतिक प्रस्तुतियों से आयोजन को भव्यता प्रदान करेंगे। केरल की प्रसिद्ध ढोल पार्टी, गुजरात की महिलाओं की डमरू टोली, उत्तर प्रदेश की सजीव झांकियां, रतलाम की चलित झांकियां तथा बेरसिया के कलाकारों द्वारा देव स्वरूपों की जीवंत प्रस्तुति श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध करेगी। झाबुआ की वनवासी टोली की विशेष प्रस्तुति आयोजन में लोक संस्कृति की अनूठी छटा बिखेरेगी।
उज्जैन की शाही सवारी की तर्ज पर सजाई गई बाबा महाकाल की भव्य झांकी इस बार शिव बारात का मुख्य आकर्षण रहेगी। विशेष रूप से गजराज पर सवार बाबा महाकाल की झलक पाने के लिए श्रद्धालुओं में खास उत्साह देखा जा रहा है। भगवान भोलेनाथ के माता पार्वती को ब्याहने प्रस्थान का सजीव दृश्य श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक आनंद से सराबोर कर देगा।
मार्ग में जगह-जगह श्रद्धालुओं द्वारा पुष्पवर्षा और स्वागत मंचों के माध्यम से शिव बारात का अभिनंदन किया जाएगा। आयोजन में जनप्रतिनिधियों, गणमान्य नागरिकों एवं हजारों श्रद्धालुओं की सहभागिता से पूरा शहर शिवमय वातावरण में डूबा नजर आएगा।
संस्था पदाधिकारियों एवं आयोजन समिति ने शहरवासियों से अधिक से अधिक संख्या में शामिल होकर इस दिव्य शिव बारात को सफल बनाने और भक्ति के इस महापर्व का साक्षी बनने का आग्रह किया है।


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